छिंदवाड़ा- छिंदवाड़ा के सुशीला जैन मेमोरियल अस्पताल को मुकेश सोनी ने अपनी बहन की मौत का जिम्मेदार बताया है। मुकेश सोनी ने आरोप लगाया है कि उसकी बहन उषा सावरकर को पेट की बीमारी के इलाज के लिए इस अस्पताल में भर्ती कराया गया था । उनका कहना है कि अस्पताल में अच्छे डॉक्टर के अभाव में उनकी बहन की मौत हो गई । मामला छिंदवाड़ा के मुल्तानी निवासी उषा सावरकर का है जिसमें उनके भाई ने बताया कि उनकी बहन को पेट की बीमारी के इलाज के लिए छिंदवाड़ा के सुशीला जैन मेमोरियल अस्पताल में भर्ती करवाया गया था , लेकिन चार दिन तक इस उचित इलाज नहीं मिलने के कारण उनकी बहन की नागपुर ले जाते समय मौत हो गई।


बहन की मौत से मुकेश सोनी में बहुत आक्रोश है और उन्होंने सुशील जैन मेमोरियल अस्पताल पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यहां पर किडनी वह पेट रोग से संबंधित अच्छे डॉक्टर नहीं थे तो मरीज को भर्ती नहीं करना चाहिए था। मरीज की हालत को देखकर आश्वासन देते थे कि सब ठीक कर देंगे , लेकिन केस जब बिगड़ गया तब नागपुर रेफर कर दिया और नागपुर ले जाते समय उनकी बहन की मौत हो गई । उनका अस्पताल व्यवस्था पर गुस्सा है और उनका कहना है कि मेरी बहन का इलाज नहीं होने के कारण मौत हुई है ।मुकेश सोनी का कहना है कि अस्पताल के डॉक्टर के और स्टाफ बार-बार पैसे वसूलते रहे कभी 20,000 जमा कर दो तो कभी 15000 जमा कर दो कभी दवाइयां ले आओ लेकिन इलाज के नाम पर कुछ नहीं किया सिर्फ पैसे मांगते रहे।
इस पूरे मामले की शिकायत पर पुलिस उच्च स्तर पर जांच करेगी ताकि सच सामने आ सके।
सुशीला जैन मेमोरियल अस्पताल में इलाज के दौरान लापरवाही से मरीज की जान जाने का यह मामला पहला मामला नहीं है पीड़ित परिवार ने इस घटना की जानकारी दी देखे बाइट







